

चंदन पाल की रिपोर्ट
धनबाद: साइबर ठगी के दो अलग-अलग मामलों में धनबाद पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। करीब 50 लाख रुपये की ठगी के मामले में पुलिस ने कर्नाटक के शिमोगा जिले से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि दूसरे मामले में ढाई करोड़ रुपये के अवैध लेन-देन के आरोप में एक व्यक्ति को रविवार को ही सरायढेला थाना क्षेत्र से पकड़ा गया है।
रविवार को धनबाद साइबर थाना में आयोजित प्रेस वार्ता में सिटी एसपी त्रत्विक श्रीवास्तव ने बताया कि जनवरी माह में भुईफोड मंदिर, धनबाद निवासी अभय कुमार अग्रवाल ने साइबर थाना में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि व्हाट्सएप चैट के माध्यम से “हिलटॉप राइजिंग प्राइवेट लिमिटेड” कंपनी का डायरेक्टर बनकर ठगों ने उनसे 50 लाख रुपये ट्रांसफर करा लिए। यह राशि इस्लामिक कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड के खाते में भेजी गई थी, जो आईसीआईसीआई बैंक में संचालित है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी प्रभात कुमार के निर्देश पर विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। टीम में साइबर डीएसपी संजीव कुमार समेत साइबर थाना के अधिकारियों को शामिल किया गया और जांच के लिए कर्नाटक भेजा गया। कार्रवाई के दौरान टीम ने कर्नाटक के शिमोगा जिला स्थित होसानगरा, चर्च रोड निवासी मोहम्मद अफसर (41) को गिरफ्तार कर लिया। वह इस्लामिक सोसाइटी लिमिटेड के संयुक्त खाता धारकों में से एक है। हालांकि इस खाते में दो अन्य पार्टनर भी शामिल हैं, जिनकी तलाश जारी है।
वहीं दूसरे मामले में पुलिस ने सरायढेला थाना क्षेत्र से मनीष सिंह (50) को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि उसने बैंक ऑफ बड़ौदा में फर्जी कंपनियों के नाम से करंट अकाउंट खुलवाकर मात्र एक सप्ताह में करीब ढाई करोड़ रुपये का अवैध तरीके से ट्रांसफर करवाया। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
दोनों मामलों को धनबाद पुलिस साइबर अपराध के खिलाफ बड़ी उपलब्धि मान रही है साथ ही आगे की जांच जारी है।
