

टीम अनंत सोच
धनबाद: असर्फी कैंसर इंस्टीट्यूट द्वारा आयोजित दो दिवसीय “कैंसर कॉन्क्लेव 2026” का शनिवार को भव्य शुभारंभ हुआ। 27 और 28 जून तक चलने वाले इस आयोजन के पहले दिन का केंद्र बिंदु कैंसर जागरूकता, समय पर जांच और उपचार के महत्व पर रहा।
कार्यक्रम में 150 से अधिक कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर, रजिस्टर्ड मेडिकल प्रैक्टिशनर, मीडिया प्रतिनिधि और स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों ने भाग लिया। इस दौरान कैंसर की रोकथाम, शुरुआती पहचान और आधुनिक उपचार पद्धतियों पर विस्तृत चर्चा की गई। साथ ही प्रतिभागियों ने समाज में कैंसर के प्रति जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया।
कॉन्क्लेव में मुख्य अतिथि के रूप में मनोज अग्रवाल, सीएमडी, बीसीसीएल) उपस्थित रहे। वहीं विशिष्ट अतिथियों में डॉ आलोक विश्वकर्मा, सिविल सर्जन, धनबाद, डॉ रवि रंजन झा (एसएनएमएमसीएच), डॉ ए के सिंह,अध्यक्ष, आईएमए, डॉ ए.के. दास, डॉ. डी.पी. भदानी, प्रो धीरज कुमार, हरेंद्र सिंह, सीईओ, डॉ नयन प्रकाश सिंह,डायरेक्टर, जे.पी. सिंह, गोपाल सिंह, उदय प्रताप सिंह, शुभांशु रॉय (प्रेसिडेंट–ग्रोथ एंड डेवलपमेंट), मेहर खत्री,एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर, डॉ बिप्लब मिश्रा, क्लिनिकल डायरेक्टर एवं रेडिएशन ऑन्कोलॉजिस्ट, डॉ रजत मोहंती, डॉ रमेश कुमार, डॉ आशुतोष पराशर एवं डॉ मौझुरी नंदी शामिल रहे।
अपने संबोधन में वक्ताओं ने कहा कि आज भी कैंसर को लेकर समाज में कई भ्रांतियां और डर मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि यदि बीमारी की समय पर पहचान हो जाए और सही इलाज उपलब्ध हो, तो कैंसर के कई मामलों में सफल उपचार संभव है। वक्ताओं ने स्वास्थ्यकर्मियों, चिकित्सकों और मीडिया प्रतिनिधियों से इस जनजागरण अभियान को गांव-गांव और घर-घर तक पहुंचाने की अपील की।
असर्फी कैंसर इंस्टीट्यूट के प्रतिनिधियों ने बताया कि संस्थान का उद्देश्य केवल कैंसर का उपचार करना नहीं, बल्कि लोगों को इसके प्रति जागरूक बनाना भी है। इसी सोच के तहत कैंसर कॉन्क्लेव 2026 का आयोजन किया गया है, ताकि स्वास्थ्य विशेषज्ञों और आम लोगों के बीच जागरूकता की मजबूत कड़ी स्थापित हो सके।
कॉन्क्लेव का पहला दिन जनस्वास्थ्य के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता और जागरूकता के संदेश के साथ संपन्न हुआ। आयोजन के दूसरे दिन विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा कैंसर के विभिन्न पहलुओं, आधुनिक उपचार तकनीकों और नवीनतम शोध विषयों पर वैज्ञानिक सत्र आयोजित किए जाएंगे।
