टीम अनंत सोच 

धनबाद: मानवता की सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है — इसी संदेश को आत्मसात करते हुए आयुष फाउंडेशन धनबाद ने जरूरतमंदों की सहायता के उद्देश्य से तोपचांची प्रखंड के चिलकारी गांव में सामाजिक सेवा कार्यक्रम का आयोजन किया। इस दौरान झारखंड की अत्यंत पिछड़ी एवं विलुप्ति के कगार पर खड़ी बिरहोर जनजाति के परिवारों के बीच वस्त्र, भोजन एवं शैक्षणिक सामग्री का वितरण किया गया।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज के वंचित और जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुँचाने के साथ-साथ बच्चों की शिक्षा को प्रोत्साहित करना तथा समाज में सेवा, सहयोग और संवेदनशीलता की भावना को मजबूत करना था।

आयुष फाउंडेशन की ओर से नवजात शिशुओं से लेकर बच्चों, किशोर-किशोरियों, महिलाओं और पुरुषों के बीच नए एवं पुराने वस्त्र वितरित किए गए। इस पहल से जरूरतमंद परिवारों को राहत मिली। कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों और बच्चों में खासा उत्साह देखने को मिला। लोगों के चेहरों पर खुशी और आपसी सहयोग की भावना ने इस आयोजन को यादगार बना दिया।

लक्ष्मी पूजा के पावन अवसर पर दानदाताओं के सहयोग से लगभग 200 लोगों के लिए खिचड़ी वितरण की व्यवस्था की गई। वस्त्र एवं खाद्य सामग्री के रूप में प्राप्त सहयोग ने इस सेवा अभियान को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई। संस्था ने सभी दानदाताओं और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

कार्यक्रम में बच्चों के शैक्षणिक विकास पर भी विशेष ध्यान दिया गया। युरो किड्ज, धनबाद के कोयला नगर शाखा के संचालक श्री राहुल महतो के सहयोग से बच्चों के बीच किताबें, कॉपियाँ और ड्राइंग किट वितरित की गईं।

इस पहल का उद्देश्य बच्चों में पढ़ाई के प्रति रुचि बढ़ाना, उनकी रचनात्मक क्षमता को प्रोत्साहित करना और शिक्षा के माध्यम से उनके उज्ज्वल भविष्य की नींव मजबूत करना था।

आयुष फाउंडेशन धनबाद की ओर से सचिव श्रीमती अर्पिता अग्रवाल, अध्यक्ष श्री गणेश शर्मा, श्री प्रीतम शॉ, सुश्री तनिषा कुमारी, श्री रोशन कुमार शॉ एवं सुश्री रानी विश्वकर्मा उपस्थित रहे।

वहीं, युरो किड्ज की ओर से संचालक श्री राहुल महतो, श्री सुनील यादव एवं श्री रंजन कुमार ने कार्यक्रम में अपनी सहभागिता निभाई।

आयुष फाउंडेशन धनबाद ने इस नेक पहल को सफल बनाने में योगदान देने वाले सभी दानदाताओं, शुभचिंतकों और सहयोगियों के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया। संस्था ने कहा कि जरूरतमंद परिवारों तक सहायता पहुँचाना सामूहिक प्रयास, सामाजिक जिम्मेदारी और मानवीय संवेदनशीलता का परिणाम है।

संस्था का निरंतर प्रयास है कि समाज के वंचित, जरूरतमंद एवं उपेक्षित वर्गों तक सहायता पहुँचाई जाए और शिक्षा, सेवा तथा मानवता के माध्यम से एक संवेदनशील एवं समावेशी समाज का निर्माण किया जाए।

आयुष फाउंडेशन धनबाद का संदेश है कि सच्ची पूजा केवल मंदिरों में नहीं, बल्कि जरूरतमंदों की मदद करने और उनके चेहरों पर मुस्कान लाने में भी है।

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