
टीम अनंत सोच
धनबाद: केन्द्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के समर्थन में सोमवार को रणधीर वर्मा चौक स्थित धरना स्थल पर भाकपा (माले), जनता श्रमिक संघ और झारखंड कोलियरी मजदूर यूनियन के संयुक्त तत्वावधान में ‘छात्र-युवा आक्रोश दिवस’ के बैनर तले एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया।
धरना को संबोधित करते हुए झारखंड कोलियरी मजदूर यूनियन, एरिया-7 के सचिव मिथुन यादव ने कहा कि पहले भूख हड़ताल करने वालों की मांगों पर सरकार ध्यान देती थी, लेकिन अब ऐसा नहीं हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के मुद्दों को लेकर अनशन पर बैठे सोनम वांगचुक को पुलिस द्वारा हटाया गया, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि देश में विभिन्न अनियमितताओं के बावजूद केंद्र सरकार मौन बनी हुई है।
भाकपा (माले) के सदस्य हलधर महतो ने कहा कि सोनम वांगचुक के समर्थन और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर देशभर में आंदोलन चल रहा है। इसी क्रम में धनबाद में भी एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि लगातार पेपर लीक जैसी घटनाओं से छात्रों और युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है।
प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने, छात्रों के हितों की रक्षा करने तथा उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार करने की मांग की।

