
टीम अनंत सोच
धनबाद/नईदिल्ली: धनबाद लोकसभा क्षेत्र के सांसद ढुलू महतो ने किसानों को आधुनिक कृषि सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक अहम पहल की है। उन्होंने केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान को पत्र सौंपकर धनबाद के निरसा तथा बोकारो के सीमावर्ती चंदनक्यारी क्षेत्र में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के मानकों के अनुरूप नए कृषि विज्ञान केंद्र (KVK) की स्थापना की मांग की है।
अपने पत्र में सांसद ने कहा कि धनबाद की पहचान भले ही औद्योगिक और खनन क्षेत्र के रूप में हो, लेकिन निरसा और चंदनक्यारी का बड़ा हिस्सा कृषि पर निर्भर है। उपजाऊ भूमि और बराकर व दामोदर नदियों की उपलब्धता के बावजूद किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक, उन्नत बीज, मृदा परीक्षण और कृषि विशेषज्ञों का समय पर मार्गदर्शन नहीं मिल पाता।
उन्होंने बताया कि जिले का एकमात्र कृषि विज्ञान केंद्र बलियापुर में संचालित है, जो निरसा और चंदनक्यारी के किसानों के लिए काफी दूर पड़ता है। दूरी के कारण किसान प्रशिक्षण, तकनीकी सलाह और अन्य कृषि सेवाओं का पूरा लाभ नहीं उठा पाते हैं।
इसी समस्या के समाधान के लिए सांसद ने मांग की है कि निरसा या सीमावर्ती चंदनक्यारी में जल्द से जल्द नया कृषि विज्ञान केंद्र स्थापित किया जाए। साथ ही, स्थायी केंद्र बनने तक वहां कृषि विज्ञान उपकेंद्र शुरू करने और स्थानीय स्तर पर मिट्टी एवं जल परीक्षण प्रयोगशाला स्थापित करने का भी आग्रह किया है, ताकि किसानों को अपने क्षेत्र में ही वैज्ञानिक कृषि सेवाएं मिल सकें।
ढुलू महतो ने कहा कि मैथन और पंचेत बांध के आसपास कृषि विज्ञान केंद्र बनने से सब्जी उत्पादन, बागवानी, डेयरी, मत्स्य पालन और खाद्य प्रसंस्करण जैसी गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। इससे किसानों की आय बढ़ेगी, ग्रामीण युवाओं के लिए स्वरोजगार के अवसर पैदा होंगे और पलायन पर भी प्रभावी रोक लगेगी।
सांसद ने विश्वास जताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार किसानों के हितों को प्राथमिकता देते हुए इस मांग पर सकारात्मक निर्णय लेगी। उन्होंने कहा कि कृषि विज्ञान केंद्र की स्थापना से धनबाद और बोकारो के सीमावर्ती क्षेत्रों के हजारों किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक, वैज्ञानिक परामर्श और अनुसंधान आधारित खेती का सीधा लाभ मिलेगा, जिससे क्षेत्र में कृषि विकास को नई गति मिलेगी।
