मां दुर्गा के उदास चेहरे और पश्चिम बंगाल के मानचित्र को कैनवास पर उकेर कलाकार राजेश ठाकुर ने दिया संवेदना और सतर्कता का संदेश

टीम अनंत सोच
धनबाद: कोलकाता के चोरबागान में दुर्गा पूजा के दौरान हुई भगदड़ की दर्दनाक घटना ने लोगों को झकझोर कर रख दिया। इस हादसे में 19 लोगों की मौत की खबर के बाद धनबाद के कलाकार रमेश ठाकुर ने अपनी पेंटिंग के माध्यम से मृतकों को श्रद्धांजलि अर्पित की और श्रद्धालुओं को सुरक्षा के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया।
कलाकार रमेश ठाकुर ने रणधीर वर्मा चौक पर कैनवास पर मां दुर्गा के उदास चेहरे और पश्चिम बंगाल के मानचित्र को उकेरकर हादसे के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की। इसके बाद उन्होंने हीरापुर स्थित चिल्ड्रन पार्क में बंगाली वेलफेयर सोसाइटी के दुर्गा पूजा पंडाल के सामने अपनी पेंटिंग को अंतिम रूप दिया। उनकी इस कलाकृति ने उत्सव के बीच सुरक्षा और मानवीय संवेदनाओं के महत्व को रेखांकित किया।
रमेश ठाकुर ने कहा कि किसी भी आपात स्थिति में घबराने के बजाय धैर्य और विवेक से काम लेना चाहिए। थोड़ी-सी समझदारी और सतर्कता कई लोगों की जान बचा सकती है। उन्होंने कहा कि दुर्गा पूजा जैसे बड़े आयोजनों में भीड़ नियंत्रण, पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए आयोजकों तथा प्रशासन को पहले से तैयार रहना चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
वहीं, बंगाली वेलफेयर सोसाइटी के सचिव गोपाल भट्टाचार्य ने कहा कि कलाकार अपनी कला के माध्यम से न केवल भावनाओं को अभिव्यक्त करते हैं, बल्कि समाज को जागरूक करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। रमेश ठाकुर की यह पेंटिंग भी इसी उद्देश्य से बनाई गई है। उन्होंने पूजा समितियों और प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्क रहने तथा संभावित दुर्घटनाओं से बचाव के लिए पहले से आवश्यक इंतजाम करने की अपील की।
मां दुर्गा के उदास चेहरे को केंद्र में रखकर बनाई गई यह पेंटिंग हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के प्रति श्रद्धांजलि के साथ-साथ श्रद्धालुओं को सतर्क रहने, धैर्य बनाए रखने और सामूहिक जिम्मेदारी निभाने का संदेश दे रही है। कलाकार की इस पहल ने कला के माध्यम से सामाजिक जागरूकता फैलाने का प्रयास किया है।

