घायल सफाईकर्मी के इलाज, ईएसआई सुविधा और वेतन बढ़ोतरी की मांग, मजदूरों को धमकाने का भी आरोप

टीम अनंत सोच 

धनबाद: धनबाद नगर निगम के कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर शनिवार को निगम मुख्यालय परिसर में एक दिवसीय भूख हड़ताल और धरना दिया। अखिल भारतीय मजदूर संगठन की जिला इकाई, धनबाद नगर निगम कर्मचारी यूनियन के बैनर तले आयोजित इस आंदोलन में मजदूरों ने 25 सूत्री मांगों को जल्द पूरा करने की आवाज उठाई। इस दौरान यूनियन सदस्यों और निगम अधिकारियों के बीच तीखी बहस भी देखने को मिली।

यूनियन ने आरोप लगाया कि धरने में शामिल होने के लिए आने वाले मजदूरों को डराया-धमकाया गया। उन्हें नौकरी से हटाने और वेतन रोकने की धमकी दिए जाने का भी आरोप लगाया गया। वहीं, निगम अधिकारियों की ओर से कहा गया कि प्रदर्शनकारियों को कार्यालय के गेट के सामने से हटाया जा रहा था।

आंदोलन के दौरान यूनियन ने 23 अक्टूबर को बैंक मोड़ इलाके में सफाई कार्य के दौरान कार की चपेट में आए एक सफाईकर्मी का मामला भी उठाया। यूनियन के अनुसार, हादसे में मजदूर की कमर की हड्डी में गंभीर चोट आई है और उसका अस्पताल में इलाज चल रहा है। संगठन ने घायल कर्मचारी को तत्काल चिकित्सा सहायता और आर्थिक सहयोग देने की मांग की। साथ ही पात्र कर्मचारियों का ईएसआई पंजीकरण कराकर उन्हें चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने पर जोर दिया।

यूनियन की प्रमुख मांगों में स्थायी और अस्थायी कर्मचारियों के वेतन में वृद्धि, बोनस राशि बढ़ाना, पीएफ का समय पर भुगतान, सातवें वेतनमान के एरियर का भुगतान, एसीपी का लाभ और प्रत्येक महीने वेतन पर्ची उपलब्ध कराना शामिल है। इसके अलावा, नियमों के विरुद्ध हटाए गए कर्मचारियों के मामलों की जांच और सफाई कार्यों में कथित अनियमितताओं की जांच कराने की मांग भी उठाई गई।

यूनियन के अध्यक्ष अंजनी सिंह ने कहा कि यह आंदोलन किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि मजदूरों के अधिकार, सुरक्षा और सम्मान की लड़ाई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान नहीं होता, तब तक यूनियन शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से संघर्ष जारी रखेगी। यूनियन ने अपनी मांगों और शिकायतों को लेकर नगर आयुक्त, महापौर तथा श्रम विभाग को भी अवगत कराने की बात कही।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *